बिहार में छात्रों का हंगामा, की आगजनी: रेल मंत्रालय का बड़ा फैसला

बिहार में छात्रों का हंगामा, की आगजनी: रेल मंत्रालय का बड़ा फैसला

बिहार में रेलवे की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले छात्रों की रेलवे में भर्ती पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया जायेगा .

एक सामान्य नोटिस में रेल मंत्रालय ने कहा है कि इस तरह की दिशाहीन गतिविधियां अनुशासनहीनता की पराकाष्ठा हैं. 

आरआरबी एनटीपीसी के नतीजों को लेकर बिहार में छात्रों का आंदोलन उग्र हो गया जिसके बाद रेल मंत्रालय ने एक बड़ा फैसला किया है।

रेल मंत्रालय ने रेलवे की दोनों परीक्षाओं एनटीपीसी और लेवल 1 को स्थगित कर दिया है। बता दे कि इस मुद्दे को लेकर रेल मंत्रालय ने एक कमेटी का भी गठन किया है,

जो कि परीक्षा में पास और फेल हुए छात्रों की बात सुनेगी और इससे संबंधित रिपोर्ट रेल मंत्रालय को देगी।

बता दे कि परीक्षा 28 दिसंबर, 2020 से 31 जुलाई, 2021 के बीच आयोजित की गई थी और रिजल्ट 15 जनवरी, 2022 को घोषित किया गया था।

जिसके बाद 35,281 रिक्त पदों को भरने के लिए होने वाली एनटीपीसी लेवल 2 परीक्षा के लिए सात लाख से अधिक छात्रों को शॉर्टलिस्ट किया गया था।

लेकिन रिजल्ट की घोषणा के तुरंत बाद हजारों छात्रों ने बिहार में इसके खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।

छात्रों ने आरआरबी एनटीपीसी परीक्षा के नतीजों में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए बिहार में जमकर हंगामा किया है। वही पटना समेत बिहार के कई शहरों में छात्रों के हंगामे की वजह से रेल सेवाएं प्रभावित हुईं है

और यहां तक की मामला इतना बढ़ गया कि आरा में छात्रों ने ट्रेन में आग लगा दी। 

छात्रों के इस प्रकार के उपद्रव और आगजनी पर रेल मंत्रालय ने कड़ा रुख जताया है। जानकारी के मुताबिक मंगलवार को रेलवे ने एक सामान्य नोटिस जारी कर कहा कि,

"रेलवे की संपत्ति को नष्ट करके और रेल सेवाओं को बाधित करके उम्मीदवारों ने जो आचरण प्रदर्शित किया है, वो अशोभनीय है और ऐसी गतिविधियां उम्मीदवारों को रेलवे की नौकरी के लिए अनुपयुक्त बनाती हैं।

इसलिए ऐसी गतिविधियों के वीडियो की जांच की जाएगी और जो उम्मीदवार गैरकानूनी गतिविधियों में लिप्त पाए जाएंगे, उन पर पुलिस कार्रवाई होगी और रेलवे के साथ नौकरी करने पर आजीवन प्रतिबंध लगेगा"।

दूसरी ओर रेलवे अधिकारियों ने यह भी पाया कि कुछ कोचिंग सेंटर और ऑनलाइन ट्यूटोरियल सेवाएं उम्मीदवारों के बीच गलत सूचना फैला रही हैं, जिससे विवाद चल रहा है।

ऐसे में अधिकारियों द्वारा कुछ लोकप्रिय कोचिंग सेंटरों से संपर्क किया गया है और उनसे सोशल मीडिया पर एनटीपीसी में भर्ती अभियान की स्क्रीनिंग प्रक्रिया को नियंत्रित करने वाले नियमों की सही तस्वीर प्रसारित करने के लिए कहा गया है।

महिमा शर्मा